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उज्जवल के पिता के बोल भी हुए थे बेसुरे, दरोगा को बताया था चौकीदार

 Anurag Tiwari |  2016-06-08 10:47:19.0

[caption id="attachment_86959" align="aligncenter" width="808"]Kuldeep Ujjwal, AKhilesh Yadav, Minsiter, Uttar Pradesh, DPRO File Photo: DPRO को धमकाने वाले सपा के मंत्री कुलदीप उज्जवल[/caption]

तहलका न्यूज़ ब्यूरो

बागपत.  डीएम और डीपीआरओ को धमकाने के मामले में सीएम अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश सरकार में राज्य मद्य निषेध परिषद के चेयरमैन कुलदीप उज्जवल को यूपी के सीएम और समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अखिलेश यादव ने पार्टी से चलता कर दिया है। पार्टी से जुड़े सूत्रों का कहना है क‌ि कुलदीप सपा सरकार के व‌िकास के एजेंडे में रोड़ा बन रहे थे। कुलदीप बागपत विधानसभा क्षेत्र से सपा प्रत्याशी भी हैं, उनका वहां से टिकट भी कटेगा। यह पहला मौक़ा नहीं है कि कुलदीप उज्ज्वल से जुड़ा ऐसा विवादित मामला सामने आया हो। इससे पहले अक्टूबर 2014 में भी उनके पिता धर्मपाल सिंह ने क्रिमिनल्स को अरेस्ट करने गई पुलिस टीम के दरोगा को चौकीदार कहकर अपमानित किया था।

क्या था मामला


मामला बागपत के बालेनी थाने का था। यहां पुलिस को गोकशी की जानकारी मिली थी। पुलिस पार्टी ने जब आरोपियों को पकड़ने के लिए वहां छापा मारा, तो आरोपी भाग खड़े हुए। उनके खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने दर्जा प्राप्त राज्य मंत्री कुलदीप उज्जवल के गांव मवीकलां में दबिश दी। ऐसे में आरोपियों ने राज्य मंत्री के पिता को बुला लिया।

दरोगा को चौकीदार कहकर धमकाया था


गांव में पुलिस को देखते ही राज्य मंत्री के पिता भड़क उठे। बेटे के मंत्री होने की हनक उन पर सवार हो गई। वह दरोगा अशोक सिंह को इसका धौंस दिखाकर धमकाने लगे। उन्होंने दरोगा को गाली भी दी। इस दौरान धर्मपाल सिंह ने पुलिसकर्मियों को धमकाते हुए कहा, हम प्रदेश में मंत्री हैं और तू एक चौकीदार। हम तुम्हें नौकरी करना सिखा देंगे।

कुलदीप उज्जवल ने कहा था पिता पर है गर्व


कुलदीप उज्ज्वल ने अपने पिता का पक्ष लिया। उन्होंने दरोगा के साथ अभद्रता की खबर को सिरे से नकार दिया है। उन्होंने गोकशी के आरोपियों को बेकसूर बताया और उनको क्लीन चिट दी। उन्होंने कहा कि उनके पिता ने बेकसूरों को इंसाफ दिलाने के लिए आवाज उठाई है। उन्होंने जो भी किया वह बिल्कुल जायज था। उन्हें अपने पिता पर गर्व है।

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