Breaking News
  • Breaking News Will Appear Here

क्या गोरखपुर के एम्स पर धोखा दे रही है केंद्र सरकार !

 Tahlka News |  2016-07-18 10:41:21.0

क्या गोरखपुर के एम्स पर धोखा दे रही है केंद्र सरकार !

तहलका न्यूज़ ब्यूरो

लखनऊ. गोरखपुर में एम्स के शिलान्यास के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 22 जुलाई को गोरखपुर आ रहे हैं मगर इस बीच केंद्र सरकार पर एम्स के नाम पर धोखा देने का आरोप भी लगाना शुरू हो गया है. इसकी वजह है वह जमीन जहाँ एम्स का शिलान्यास होना है.

गन्ना शोध संसथान की जमीन पर होने वाले शिलान्यास के बारे में सपा नेता और उत्तर प्रदेश अल्पसंयक वित्त एवं विकास निगम के निदेशक व सपा नेता जफर अमीन डक्कू ने कहा है कि नियमतः एम्स के लिए यह जमीन कम है और यहाँ एम्स बन ही नहीं सकता. अगर इस जमीन पर एम्स बना तो वह मिनी एम्स ही होगा, जो कि गोरखपुर की जनता के साथ एक बड़ा धोखा होगा.

जफ़र अमीन का कहना है कि जब प्रदेश सरकार द्वारा दी गयी खुटहन की जमीन की वैधानिक स्थिति सरकार के मालिकाना हक़ के पक्ष में स्पष्ट हो गयी है तब जल्दीबाजी में दूसरी जगह एम्स का शिलान्यास करना समझ से परे है.


दरअसल इस मामले में केंद्र और प्रदेश सरकार के बीच शुरू से ही कुश्ती चलती आ रही है. श्रेय लेने की होड़ में भाजपा सांसद योगी आदित्यनाथ ने खाद कारखाने के पास एम्स का प्रस्ताव दिया था. तब राज्य सरकार द्वारा दी गयी जमीन का विवाद न्यायालय में लंबित था. मगर इसके ठीक बाद राज्य मंत्री राधेश्याम सिंह ने यह कह कर सनसनी मचा दी कि योगी खुटहन में एम्स का विरोध अपने निजी स्वार्थ के लिए कर रहे हैं और वे अपना मेडिकल कालेज चूँकि इसी इलाके में बना रहे हैं इसलिए वे नहीं चाहते कि एम्स खुटहन में बने. इसके बाद योगी खामोश हो गए.

इस बीच नगर विधायक डा. राधा मोहन दास ने गन्ना शोध संसथान की जमीन प्रस्तावित कर दी जिसे केंद्र सरकार ने मान लिया. मगर इसके साथ ही इस जमीन पर एम्स के मानक न होने का मुद्दा तूल पकड़ने लगा.

सदर विधायक एवं भाजपा विधायक दल के मुख्य सचेतक डा. राधा मोहन दास अग्रवाल ने एक बयान में कहा था कि गन्ना शोध संस्थान की भूमि पर एम्स बनाने के बारे में अंतिम निर्णय हो चुका है और अब इसमें कोई परिवर्जन न तो संभव है न इसकी आवश्यकता है. उनका यह भी कहना था कि खुटहन की भूमि बीआरडी मेडिकल कालेज के समीप है और एक ही स्थान पर दो चिकित्सा संस्थानों की जरूरत नहीं है.

जफ़र अमीन का अब कहना है कि आखिर गन्ना शोध संस्थान की भूमि पर मिनी एम्स का शिलान्यास करने की प्रधानमंत्री को क्या जल्दी है? राज्य सरकार एक महीने के अंदर खुटहन की भूमि पर कब्जा लेकर एम्स निर्माण के लिए केन्द्र को सौंप देगी. इसके बाद प्रधानमंत्री आकर उसका शिलान्यास करें. उन्होंने कहा कि यदि यहां मिनी एम्स का शिलान्यास हुआ तो सपा कार्यकर्ता 22 जुलाई को आधा दर्जन चौराहों पर प्रधानमंत्री का पुतला फूंकेंगे.

Tags:    

  Similar Posts

Share it
Share it
Share it
Top